
बीजेपी में सीता, गीता, लोबिन, बाबूलाल का खेल खत्म !
चारों नेताओं के विधानसभा चुनाव में प्रदर्शन को देखते हुए तो ऐसा नहीं लगता है कि इन्हें अगली बार बीजेपी से चुनाव लड़ने का मौका मिलेगा.

चारों नेताओं के विधानसभा चुनाव में प्रदर्शन को देखते हुए तो ऐसा नहीं लगता है कि इन्हें अगली बार बीजेपी से चुनाव लड़ने का मौका मिलेगा.

जो विधायक पार्टी की हर बैठकों में आगे बैठे नजर आते थे. विधानसभा में भी वरीयता के आधार पर जिन्हें आगे की कुर्सी मिली थी. वह सभी पूर्व हो चुके विधायक मुंह छिपाकर पीछे बैठे नजर आये.

बाबूलाल मरांडी नेता प्रतिपक्ष का दर्जा पाने के लिए सदन के अंदर 4 साल तक संघर्ष करते रहे. प्रदेश अध्यक्ष पद मिलने के बाद भी वे विधानसभा चुनाव में बीजेपी को सीटें दिला नहीं सके, बल्कि उनके नेतृत्व में बीजेपी को 4 सीटों का नुकसान हो गया. ऐसे में बीजेपी को विधायकों का नेतृत्व करने और सरकार को सदन में घेरने के लिए एक तेज-तर्रार लीडर की जरूरत होगी.

हेमंत सोरेन ने पहली कैबिनेट की बैठक में मंईयां सम्मान योजना की लाभुकों को दिसंबर से 2500 रुपये प्रतिमाह देने का फैसला लिया है. स्टीफन मरांडी प्रोटेम स्पीकर बनाये गये हैं. 9 से 12 दिसंबर तक विधानसभा का सत्र आहूत किया गया है.

हेमंत सोरेन झारखंड में अबतक सबसे अधिक 4 बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले सीएम बन जाएंगे. इससे पहले हेमंत के पिता शिबू सोरेन और अर्जुन मुंडा तीन-तीन बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ले चुके हैं. हेमंत झारखंड में चौथी बार सीएम बनने का रिकॉर्ड बनायेंगे.
हेमंत की आंधी में उड़ गये बीजेपी और एनडीए के बड़े-बड़े रणनीतिकार. अमर बाउरी, सुदेश महतो, मीरा मुंडा, सुदर्शन भगत जैसे दिग्गज झामुमो के आगे ढेर हो गये. जो बीजेपी राज्य की एसटी रिजर्व 28 सीटें जीतने का ख्वाब देख रही थी उसे एसटी रिजर्व दो सीटिंग सीट खूंटी और तोरपा से भी हाथ धोना पड़ा. चंपई सोरेन ने एक एसटी रिजर्व सीट सरायकेला जीताकर बीजेपी की लाज बचा दी है.

झारखंड में इस बार राजद और सीपीआईएमएल की सरकार बनाने में अहम भूमिका होगी. राजद को 3 और सीपीआईएमएल की भी 3 सीटें मिल रही है. समाजवादी पार्टी का भी 1 सीट पर खाता खुल रहा है.

जिन 38 सीटों पर चुनाव हो रहा है. उनमें संथाल परगना की 6 आदिवासी रिजर्व सीटों समेत सभी 18 सीटें शामिल हैं. बाकी सीटें कोयलांचल और दक्षिणी छोटानागपुर की हैं.

पहले चरण के चुनाव में खड़े 683 प्रत्याशियों को 5 दिन और इंतजार करना होगा. 23 नवंबर को ईवीएम खुलेगा उसके बाद मतगणना के पहले राउंड के साथ ही इनकी धकड़ने बढ़ती चली जाएगी.

राज्य के 43 विधानसभा सीटों पर वोटिंग हो रही है. 1.37 करोड़ वोटर्स अपना विधायक चुनने के लिए आज मतदान कर रहे हैं.

43 सीटों से 683 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं. इनमें 609 पुरुष, 73 महिला और एक प्रत्याशी थर्ड जेंडर के हैं.

चुनाव के लिए कुल 15,344 मतदान केंद्र बनाये गये हैं. इनमें से 12,716 बूथ ग्रामीण और 2,628 बूथ शहरी क्षेत्र में स्थित हैं. 50 बूथ यूनिक कैटेगरी में हैं.