
बीजेपी में सीता, गीता, लोबिन, बाबूलाल का खेल खत्म !
चारों नेताओं के विधानसभा चुनाव में प्रदर्शन को देखते हुए तो ऐसा नहीं लगता है कि इन्हें अगली बार बीजेपी से चुनाव लड़ने का मौका मिलेगा.

चारों नेताओं के विधानसभा चुनाव में प्रदर्शन को देखते हुए तो ऐसा नहीं लगता है कि इन्हें अगली बार बीजेपी से चुनाव लड़ने का मौका मिलेगा.

जो विधायक पार्टी की हर बैठकों में आगे बैठे नजर आते थे. विधानसभा में भी वरीयता के आधार पर जिन्हें आगे की कुर्सी मिली थी. वह सभी पूर्व हो चुके विधायक मुंह छिपाकर पीछे बैठे नजर आये.

हेमंत सोरेन ने पहली कैबिनेट की बैठक में मंईयां सम्मान योजना की लाभुकों को दिसंबर से 2500 रुपये प्रतिमाह देने का फैसला लिया है. स्टीफन मरांडी प्रोटेम स्पीकर बनाये गये हैं. 9 से 12 दिसंबर तक विधानसभा का सत्र आहूत किया गया है.

सत्ता पक्ष और विपक्ष के सभी दल एक-एक विधानसभा सीट पर हार-जीत की समीक्षा करेंगे तब उन्हें पता चलेगा कि जयराम महतो ने पहले ही चुनाव में कितनी मजबूती के साथ उनके वोटबैंक में सेंधमारी की है.

बीजेपी ने आरोप लगाया है कि विधानसभा चुनाव में जीत के बाद इंडी गठबंधन के समर्थक बेकाबू हो गये हैं. राज्य में कई जगहों पर अराजकता फैलाने की कोशिश की जा रही है. बीजेपी के नेताओं और कार्यकर्ताओं को टारगेट किया जा रहा है. बीजेपी कार्यकर्ताओं ने भी चूड़ियां नहीं पहनी है. उत्पात बंद नहीं हुआ तो बीजेपी भी जवाब देगी.

हेमंत सोरेन झारखंड में अबतक सबसे अधिक 4 बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले सीएम बन जाएंगे. इससे पहले हेमंत के पिता शिबू सोरेन और अर्जुन मुंडा तीन-तीन बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ले चुके हैं. हेमंत झारखंड में चौथी बार सीएम बनने का रिकॉर्ड बनायेंगे.
हेमंत की आंधी में उड़ गये बीजेपी और एनडीए के बड़े-बड़े रणनीतिकार. अमर बाउरी, सुदेश महतो, मीरा मुंडा, सुदर्शन भगत जैसे दिग्गज झामुमो के आगे ढेर हो गये. जो बीजेपी राज्य की एसटी रिजर्व 28 सीटें जीतने का ख्वाब देख रही थी उसे एसटी रिजर्व दो सीटिंग सीट खूंटी और तोरपा से भी हाथ धोना पड़ा. चंपई सोरेन ने एक एसटी रिजर्व सीट सरायकेला जीताकर बीजेपी की लाज बचा दी है.

दसवें राउंड की समाप्ति के बाद तमाड़ में झामुमो के विकास मुंडा 16022 वोट से आगे है. विकास सिंह मुंडा को 37939 वोट मिले हैं, जबकि जदयू के राजा पीटर को 21917 वोट प्राप्त हुए हैं. सिल्ली में 7वें राउंड के बाद सुदेश महतो 8300 वोट से पीछे आठवें राउंड की समाप्ति के बाद मांडर विधानसभा सीट से शिल...

महिला ही नहीं पुरुषों के एक बड़े वर्ग की भी यही मांग है कि कल्पना सोरेन झारखंड की अगली मुख्यमंत्री बनें. अगर ऐसा होता है तो यह झारखंड के लिए रिकॉर्ड होगा. झारखंड ने 24 साल में आदिवासी और गैर आदिवासी पुरुषों को मुख्यमंत्री की कुर्सी पर बैठते देखा है. 24 साल बाद जब झारखंड में कोई महिला मुख्यमंत्री की कुर्सी पर बैठेगी.

झारखंड में इस बार राजद और सीपीआईएमएल की सरकार बनाने में अहम भूमिका होगी. राजद को 3 और सीपीआईएमएल की भी 3 सीटें मिल रही है. समाजवादी पार्टी का भी 1 सीट पर खाता खुल रहा है.

जिन 38 सीटों पर चुनाव हो रहा है. उनमें संथाल परगना की 6 आदिवासी रिजर्व सीटों समेत सभी 18 सीटें शामिल हैं. बाकी सीटें कोयलांचल और दक्षिणी छोटानागपुर की हैं.

राज्य के 43 विधानसभा सीटों पर वोटिंग हो रही है. 1.37 करोड़ वोटर्स अपना विधायक चुनने के लिए आज मतदान कर रहे हैं.