महिला आरक्षण बिल पर पूर्णिमा साहू का विपक्ष पर हमला, 28 अप्रैल को मशाल जुलूस का ऐलान
जमशेदपुर की विधायक पूर्णिमा साहू ने महिला आरक्षण बिल पर विपक्ष को घेरते हुए 28 अप्रैल को रांची में नारी शक्ति वंदन के समर्थन में मशाल जुलूस निकालने का ऐलान किया है.
जमशेदपुर की विधायक पूर्णिमा साहू ने महिला आरक्षण बिल पर विपक्ष को घेरते हुए 28 अप्रैल को रांची में नारी शक्ति वंदन के समर्थन में मशाल जुलूस निकालने का ऐलान किया है.

राज्यसभा में AAP के 7 सांसदों के BJP में विलय को मंजूरी मिलने के बाद NDA का आंकड़ा 148 तक पहुंच गया है. इस घटनाक्रम से संसद का संतुलन बदल गया है और AAP को बड़ा राजनीतिक झटका लगा है.


रांची में बीजेपी ने महिला मुद्दों को लेकर बड़ा आक्रोश मार्च निकाला. मोरहाबादी मैदान से अल्बर्ट एक्का चौक तक हुए इस प्रदर्शन में सरकार पर तीखे हमले किए गए और विपक्ष पर महिलाओं की अनदेखी का आरोप लगाया गया.
पंजाब की राजनीति में इन दिनों बड़ा सियासी तनाव देखने को मिल रहा है, जहां पूर्व क्रिकेटर और सांसद हरभजन सिंह के आवास के बाहर ‘पंजाब का गद्दार’ लिखे जाने के बाद माहौल और गरमा गया है. यह घटना उस समय हुई जब आम आदमी पार्टी छोड़कर कुछ सांसद भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए.

रांची में 25 अप्रैल को आयोजित झारखंड महिला भाजपा की आक्रोश रैली के कारण शहर के कई प्रमुख मार्गों पर यातायात प्रभावित होने की संभावना है. मोरहाबादी मैदान से अल्बर्ट एक्का चौक तक निकलने वाली इस रैली के चलते बरियातू रोड, मेन रोड, सर्कुलर रोड समेत कई इलाकों में जाम लग सकता है.
राघव चड्ढा समेत 7 राज्यसभा सांसदों ने AAP छोड़कर BJP जॉइन करने का दावा किया है. दो-तिहाई विलय की बात कही गई है, जिससे आम आदमी पार्टी को बड़ा राजनीतिक झटका लग सकता है.

आम आदमी पार्टी के लिए शुक्रवार का दिन सबसे बड़े राजनीतिक झटकों में से एक बन गया. पार्टी के प्रमुख राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ऐलान किया कि वे AAP छोड़कर भाजपा में शामिल हो रहे हैं. उनके साथ राज्यसभा के कुल सात सांसदों के जाने की बात सामने आई है
2021 में BJP को 23 सीटें देने वाला जंगलमहल 2024 लोकसभा में TMC की तरफ झुका था. अब विधानसभा में फिर आमने-सामने की टक्कर है. लेकिन इस बार लड़ाई सिर्फ बंगाल की नहीं है.
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण में मतदाताओं ने रिकॉर्ड उत्साह दिखाया है. चुनाव आयोग के शाम 5 बजे तक जारी आंकड़ों के मुताबिक 16 जिलों की 152 सीटों पर 89.93 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जो 2021 के पहले चरण के मुकाबले लगभग 5.30 प्रतिशत अधिक है.

पश्चिम बंगाल में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान लाखों मतदाताओं के नाम हटाए जाने के बाद अब इसका असर झारखंड की राजनीति पर भी साफ दिखने लगा है. 27 लाख से अधिक लोगों के नाम मतदाता सूची से बाहर होने और पूरी प्रक्रिया पर उठ रहे सवालों ने राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है.
पश्चिम बंगाल के कुमारगंज में BJP प्रत्याशी शुभेंदु सरकार पर कथित रूप से हमला हुआ. आरोप है कि तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं से बहस के बाद हिंसा हुई. घटना का वीडियो वायरल है, जिसमें सुरक्षा व्यवस्था और चुनावी माहौल पर गंभीर सवाल उठे हैं.