मादुरो संकट और तेल का खेल: अमेरिका को फायदा या दुनिया के लिए नई मुसीबत?
US Vs Venezuela टकराव के बाद वैश्विक तेल बाजार में उथल-पुथल मच गई है. मादुरो की गिरफ्तारी से अमेरिका को लाभ, जबकि रूस की अर्थव्यवस्था पर असर की आशंका जताई जा रही है.
US Vs Venezuela टकराव के बाद वैश्विक तेल बाजार में उथल-पुथल मच गई है. मादुरो की गिरफ्तारी से अमेरिका को लाभ, जबकि रूस की अर्थव्यवस्था पर असर की आशंका जताई जा रही है.
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और लालकृष्ण आडवाणी की पुरानी तस्वीर साझा कर सोशल मीडिया पर राजनीतिक हलचल मचा दी. उन्होंने लिखा कि RSS और BJP के जमीनी कार्यकर्ता नीचे बैठकर मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री बन सकते हैं, और इसे संगठन की ताकत का उदाहरण बताया.
20 साल बाद उद्धव और राज ठाकरे फिर एक मंच पर आए. इस ऐतिहासिक सियासी मिलन के पीछे ‘चंदू मामा’ की अहम भूमिका सामने आई है, जिसने महाराष्ट्र की राजनीति की दिशा बदल दी.
कांग्रेस नेता सोनिया गांधी ने मनरेगा के नए स्वरूप और नाम बदलने पर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने महात्मा गांधी का नाम हटाकर और योजना का ढांचा बदलकर गरीबों, किसानों और भूमिहीन श्रमिकों के हितों पर प्रहार किया है.
पार्टी नेतृत्व का मानना है कि सरावगी के लंबे संगठनात्मक अनुभव का लाभ बिहार भाजपा को मिलेगा. छात्र राजनीति से लेकर विधायक और मंत्री पद तक का उनका सफर उन्हें एक अनुभवी और जमीनी नेता के रूप में स्थापित करता है. बिहार बीजेपी में इस बदलाव के साथ संगठन में नई ऊर्जा और नई दिशा की उम्मीद जताई जा रही है.
भारतीय जनता पार्टी ने बिहार सरकार में मंत्री नितिन नबीन को बड़ी जिम्मेदारी सौंपते हुए उन्हें पार्टी का नया राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है. पार्टी ने यह दायित्व जेपी नड्डा के स्थान पर उन्हें सौंपने की घोषणा की है.
इस हफ्ते अमेरिका ने वेनेजुएला के एक तेल टैंकर को जब्त किया और उसके साथ कारोबार करने वाली शिपिंग कंपनियों पर नए प्रतिबंध लागू कर दिए. इसके चलते वेनेजुएला के तेल निर्यात में तेज गिरावट आई है.
बिहार में नई सरकार के गठन के तुरंत बाद ही सत्तारूढ़ JDU के दो जनप्रतिनिधियों को रंगदारी की धमकी मिलने का मामला सामने आया है. सीवान से JDU सांसद विजय लक्ष्मी देवी और बड़हरिया से JDU विधायक इंद्रदेव सिंह पटेल से फोन पर 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई है.
नई सरकार आने के साथ ही प्रशासन का रवैया कड़ा हुआ और अवैध निर्माणों पर बड़े पैमाने पर कार्रवाई शुरू हो गई. नालंदा से लेकर पटना तक सरकारी जमीन पर बने तमाम ढांचों को गिराए जाने से हड़कंप मचा हुआ है.
झारखंड की राजनीति इस समय बड़े सवालों से घिरी हुई है-क्या राज्य में कोई बड़ा ‘खेला’ होने वाला है, क्या बीजेपी और जेएमएम एक नई राजनीतिक दिशा में साथ आ सकते हैं