NEET Paper Leak Case: जमशेदपुर में कांग्रेस का प्रदर्शन, केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी
NEET पेपर लीक मामले को लेकर जमशेदपुर में कांग्रेस का प्रदर्शन, DC कार्यालय तक मार्च निकालकर केंद्र सरकार के खिलाफ की नारेबाजी.
NEET पेपर लीक मामले को लेकर जमशेदपुर में कांग्रेस का प्रदर्शन, DC कार्यालय तक मार्च निकालकर केंद्र सरकार के खिलाफ की नारेबाजी.
झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने रांची में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरना धर्म कोड को लेकर केंद्र सरकार पर बड़ा हमला बोला. कांग्रेस नेताओं ने आदिवासियों की धार्मिक पहचान की रक्षा के लिए अलग सरना धर्म कोड लागू करने की मांग दोहराई.
झारखंड में JTET भाषा विवाद को लेकर सियासी और शैक्षणिक हलचल तेज हो गई है. भोजपुरी, मगही और अंगिका भाषा को JTET नियमावली में शामिल करने की मांग को लेकर छात्रों और अभ्यर्थियों का विरोध लगातार बढ़ता जा रहा है.

गुमला में निशा उरांव के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीणों ने समाहरणालय पहुंचकर चंगाई सभा पर रोक और सरना आदिवासी समुदाय के अधिकारों की सुरक्षा की मांग की. प्रदर्शनकारियों ने सरकार से कार्रवाई नहीं होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी.
पूर्वी सिंहभूम में सरकारी शिक्षकों ने दो महीने से वेतन नहीं मिलने पर DEO कार्यालय का घेराव किया. शिक्षकों ने कहा कि वेतन भुगतान में देरी के कारण बैंक लोन, बच्चों की फीस और घरेलू खर्च चलाना मुश्किल हो गया है.

झारखंड बीजेपी ने हेमंत सरकार को घेरने के लिए नई रणनीति तैयार की है. पार्टी किसानों की समस्या, वादाखिलाफी, स्थानीय मुद्दों और मतदाता सूची से जुड़े मामलों को लेकर राज्यभर में आंदोलन और धरना कार्यक्रम चलाने की तैयारी कर रही है.

दिल्ली सरकार ने पेट्रोल-डीजल बचत और ट्रैफिक कम करने के लिए बड़ा कदम उठाया है. अब सरकारी कर्मचारियों को सप्ताह में दो दिन वर्क फ्रॉम होम मिलेगा. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने काफिले और पेट्रोल खर्च में भी कटौती का ऐलान किया है.
2012 के निर्भया कांड के बाद देश ने मोमबत्तियां जलाईं, कानून बदले, बड़े-बड़े दावे हुए. लेकिन 2026 में भी दिल्ली की सड़कों पर महिलाओं की सुरक्षा सिर्फ भाषणों में ही नजर आ रही है. राजधानी के नांगलोई इलाके में एक महिला के साथ चलती बस में सामूहिक दुष्कर्म की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया है.

झारखंड बीजेपी में अचानक सड़क वाली राजनीति तेज हो गई है. बाबूलाल मरांडी से लेकर अर्जुन मुंडा और रघुवर दास तक बड़े नेता अब धरना-प्रदर्शन में सक्रिय दिख रहे हैं. सवाल उठ रहा है कि क्या पार्टी में “जो दिखेगा वही टिकेगा” वाला फॉर्मूला लागू हो चुका है?

रांची में बढ़ते पानी और बिजली संकट को लेकर बीजेपी ने मंगलवार को बड़ा आक्रोश प्रदर्शन किया. जिला स्कूल मैदान से शहीद चौक होते हुए जिला समाहरणालय तक निकाली गई रैली का नेतृत्व पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा और प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने किया.

धनबाद में पेयजल संकट को लेकर भाजपा ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए DC ऑफिस का घेराव किया. बाबूलाल मरांडी ने सरकार पर लापरवाही और नल-जल योजना में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए और जल्द समाधान की मांग की.
झारखंड की राजनीति में सरना धर्म कोड को लेकर एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जनगणना 2027 से पहले केंद्र सरकार पर दबाव बनाने के लिए बड़ा दांव खेला है