लंदन में सीएम हेमंत सोरेन की मौजूदगी में जिंदल समूह संग निवेश सहयोग पर मंथन
लंदन में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और नवीन जिंदल समूह के बीच निवेश सहयोग को लेकर अहम बैठक हुई. इस दौरान इस्पात, स्वच्छ ऊर्जा, कौशल विकास और रोजगार सृजन पर चर्चा की गई.
लंदन में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और नवीन जिंदल समूह के बीच निवेश सहयोग को लेकर अहम बैठक हुई. इस दौरान इस्पात, स्वच्छ ऊर्जा, कौशल विकास और रोजगार सृजन पर चर्चा की गई.
झारखंड CM हेमंत सोरेन ने Historic England के साथ बैठक की, राज्य की आदिवासी और प्रागैतिहासिक विरासत को वैश्विक पहचान देने का किया प्रयास.
वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम, दावोस में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से इंफोसिस ग्लोबल, कैलिफ़ोर्निया के एक्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट आशीष कुमार दास ने मुलाकात की.
अवैध पत्थर खनन मामले की CBI जांच को लेकर झारखंड की राजनीति में एक बार फिर तीखी बयानबाजी शुरू हो गई है. नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और सत्तारूढ़ झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के विदेश दौरे के बीच राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है. ब्रिटेन प्रवास के दौरान ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी में एक प्रस्तावित मुलाकात को लेकर विपक्ष ने सरकार पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कर स्पष्ट किया कि यह जांच अभियान यहीं समाप्त नहीं होगा. उन्होंने कहा कि राज्य के भीतर और राज्य से बाहर बच्चों से जुड़े ऐसे मामलों की गहराई से जांच की जाएगी.
झारखंड आंदोलन के महानायक, राज्य निर्माता और झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती रविवार को श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई.
हेमंत सोरेन ने पोस्ट में लिखा कि उन्होंने अपने पिता को कई बार थका हुआ देखा, लेकिन कभी टूटते नहीं देखा. उनकी अटूट इच्छाशक्ति और दृढ़ संकल्प आज भी उनके भीतर जीवित है.
झारखंड कैबिनेट की बैठक में कुल 30 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई. कैबिनेट ने विधानसभा के बजट सत्र की तिथि 18 फरवरी से 19 मार्च तक तय की. बैठक में सड़क, पेयजल, महिला सशक्तिकरण, पुलिस सुधार और राज्य कर्मियों की स्वास्थ्य बीमा योजना में संशोधन जैसे कई अहम फैसले लिए गए.
पेसा नियमावली को लेकर झारखंड की राजनीति गरमा गई है. पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने राज्य सरकार पर आदिवासियों के अधिकार कमजोर करने और पेसा कानून की मूल भावना से खिलवाड़ का आरोप लगाया है.
आदिवासी जन परिषद की वार्षिक बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें संगठन को और अधिक मजबूत बनाने तथा आदिवासी समुदाय से जुड़ी प्रमुख मांगों को प्रभावी रूप से सरकार तक पहुंचाने को लेकर विस्तृत चर्चा हुई.

पेसा से जुड़े कैबिनेट प्रस्ताव को सार्वजनिक करने की मांग को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने हेमंत सरकार पर पारदर्शिता न रखने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज से जुड़े इस महत्वपूर्ण कानून की वास्तविक जानकारी जनता से छुपाई जा रही है.