साहिबगंज में शिक्षा को नई उड़ान, छात्राओं के साथ एसपी ने किया शहीद चंद्राय सोरेन लाइब्रेरी का उद्घाटन
शिक्षक दिवस के अवसर पर साहिबगंज पुलिस अधीक्षक कार्यालय परिसर में शहीद चंद्राय सोरेन लाइब्रेरी का शुभारंभ किया गया. पुलिस अधीक्षक अमित कुमार सिंह ने विद्यालय की छात्राओं के साथ लाइब्रेरी का उद्घाटन किया. पुस्तकालय में करीब 10 हजार किताबें उपलब्ध कराने की योजना है.

Sahibganj News: शिक्षक दिवस के मौके पर साहिबगंज में शिक्षा और अध्ययन को बढ़ावा देने की दिशा में एक नई पहल की गई. पुलिस अधीक्षक कार्यालय परिसर में शहीद चंद्राय सोरेन लाइब्रेरी का विधिवत उद्घाटन किया गया. खास बात यह रही कि लाइब्रेरी का शुभारंभ पुलिस अधीक्षक अमित कुमार सिंह ने सीएम श्री उत्क्रमित उच्च विद्यालय पोखरिया की छात्राओं के साथ मिलकर किया. फीता काटने के साथ विधि-विधान से नारियल फोड़कर पुस्तकालय की शुरुआत की गई. पुलिस विभाग की इस पहल का उद्देश्य बच्चों, युवाओं, पुलिसकर्मियों और आम लोगों को अध्ययन के लिए बेहतर माहौल उपलब्ध कराना है. लाइब्रेरी में कानून, सामान्य ज्ञान, साहित्य और प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित पुस्तकों का संग्रह तैयार किया जा रहा है. यहां टीवी और प्रोजेक्टर जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं.
शहीद के नाम पर बनी लाइब्रेरी, शिक्षा को समर्पित पहल
शहीद चंद्राय सोरेन के नाम पर शुरू की गई यह लाइब्रेरी पुलिस विभाग की ओर से शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है. एसपी अमित कुमार सिंह ने कहा कि पुस्तकालय जिले के बच्चों और युवाओं के लिए उपयोगी साबित होगा. शिक्षक दिवस के अवसर पर छात्राओं की मौजूदगी में उद्घाटन कराने का उद्देश्य भी यही था कि नई पीढ़ी इस पहल से जुड़े और अध्ययन के लिए इसका इस्तेमाल करे.
प्रतियोगी परीक्षाओं से लेकर कानून तक की किताबें
लाइब्रेरी में अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़ी किताबों को शामिल किया जा रहा है. यहां कानून और विधि से संबंधित पुस्तकों के साथ साहित्य, सामान्य ज्ञान तथा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी से जुड़ी सामग्री उपलब्ध होगी. पुलिस विभाग से जुड़े अधिकारी-कर्मचारी भी इसका इस्तेमाल कर सकेंगे. वहीं आम लोगों और विद्यार्थियों को भी अध्ययन की सुविधा देने की व्यवस्था की गई है. उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार लाइब्रेरी के संग्रह को आने वाले समय में और विस्तार देने की योजना है.
टीवी-प्रोजेक्टर से हाईटेक बनेगा अध्ययन केंद्र
पुस्तकालय को केवल किताबों तक सीमित नहीं रखा गया है. यहां टीवी और प्रोजेक्टर की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है. इसका इस्तेमाल अध्ययन, प्रशिक्षण, संवाद और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों के लिए किया जा सकता है. लाइब्रेरी में एक साथ कई लोगों के बैठकर अध्ययन करने की व्यवस्था भी की गई है. इससे विद्यार्थियों के साथ पुलिस विभाग से जुड़े लोगों को भी सामूहिक अध्ययन और प्रशिक्षण का अवसर मिलेगा.
छात्राओं की मौजूदगी में हुआ उद्घाटन
लाइब्रेरी के उद्घाटन कार्यक्रम में छात्राओं की भागीदारी ने इसे खास बना दिया. पुलिस अधीक्षक ने विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए उपलब्ध संसाधनों का अधिक से अधिक इस्तेमाल करने का संदेश दिया. पुलिस का मानना है कि युवाओं को बेहतर अध्ययन वातावरण मिलने से प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों में मदद मिल सकती है. समय-समय पर लाइब्रेरी में अध्ययन और संवाद से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करने की भी योजना है.
पुलिस पदाधिकारी रहे मौजूद, शिक्षा पर बढ़ा फोकस
उद्घाटन कार्यक्रम में हेडक्वार्टर डीएसपी रविकांत साव, राजमहल एसडीपीओ विमलेश त्रिपाठी समेत कई पुलिस अधिकारी मौजूद रहे. शहीद चंद्राय सोरेन के नाम पर पुस्तकालय शुरू करने के पीछे उनकी स्मृति को सम्मान देने के साथ शिक्षा को प्रोत्साहित करने का उद्देश्य भी जुड़ा है. पुलिस विभाग की यह पहल अब कितने विद्यार्थियों और आम लोगों तक पहुंचती है, यह इसके नियमित संचालन और अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी पर निर्भर करेगा.

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