Prayagraj: प्रयागराज में बुधवार दोपहर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब भारतीय वायुसेना का एक ट्रेनी माइक्रोलाइट विमान उड़ान के दौरान दुर्घटनाग्रस्त होकर शहर के बीच स्थित तालाब में गिर गया. यह हादसा केपी कॉलेज के पीछे हुआ. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विमान हवा में अचानक असंतुलित हुआ और तेजी से नीचे आकर तालाब में गिर पड़ा. विमान में सवार दोनों ट्रेनी पायलट सुरक्षित हैं. स्थानीय लोगों ने तुरंत तालाब में उतरकर रेस्क्यू किया और पायलटों को बाहर निकाला. उन्हें प्राथमिक जांच के लिए अस्पताल भेजा गया. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंचीं. फिलहाल पूरे इलाके को घेराबंदी कर सुरक्षित किया गया है और हादसे की जांच शुरू कर दी गई है.
केपी कॉलेज के पीछे हुआ हादसा
यह दुर्घटना केपी कॉलेज के पीछे स्थित तालाब में हुई. हादसे के समय आसपास के स्कूल और रिहायशी इलाकों में लोग मौजूद थे. प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि अचानक तेज आवाज सुनाई दी, जिसके बाद लोग मौके की ओर दौड़े. स्थानीय निवासियों और छात्रों ने बिना समय गंवाए तालाब में कूदकर फंसे लोगों को बाहर निकाला. प्रत्यक्षदर्शी पदम सिंह ने बताया कि विमान गिरते ही कुछ लोग दलदल में फंसे दिखे. लोगों ने मिलकर तीन लोगों को बाहर निकाला, जिनमें दो ट्रेनी पायलट शामिल थे. तत्परता से किए गए रेस्क्यू के कारण बड़ा हादसा टल गया.
दोनों ट्रेनी पायलट सुरक्षित
दुर्घटना के बाद विमान में सवार दोनों ट्रेनी पायलटों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. प्रशासन के अनुसार, दोनों पायलटों को कोई गंभीर चोट नहीं आई है. एहतियात के तौर पर उन्हें नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी चिकित्सकीय जांच की गई. पायलटों की स्थिति स्थिर बताई जा रही है. विमान गिरने के बावजूद उसमें विस्फोट नहीं हुआ, जिससे जान-माल का बड़ा नुकसान टल गया. स्थानीय प्रशासन ने राहत की सांस ली है कि हादसा घनी आबादी वाले क्षेत्र में हुआ, लेकिन कोई जनहानि नहीं हुई.
वायुसेना और प्रशासन ने शुरू की जांच
हादसे की सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस और वायुसेना की टीमें मौके पर पहुंच गईं. तालाब के आसपास बैरिकेडिंग कर दी गई है और विमान को बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू की गई है. भारतीय वायुसेना की प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह विमान एक नियमित ट्रेनिंग उड़ान पर था. दुर्घटना के कारणों को लेकर तकनीकी खराबी या संतुलन बिगड़ने की संभावना जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी. अधिकारियों का कहना है कि ट्रेनिंग उड़ानों से जुड़े सभी सुरक्षा मानकों की समीक्षा की जाएगी और हादसे के हर पहलू की गहन जांच की जा रही है.


