गुरुजी JMM अपनी दिशा से भटक चुका है, मेरा इस्तीफा स्वीकार करें : चंपई
चंपई ने शिबू सोरेन को लिखे पत्र में कहा कि आप के मार्गदर्शन में जिस पार्टी का सपना हम जैसे कार्यकर्ताओं ने देखा था, एवं जिस के लिए हम लोगों ने जंगलों, पहाड़ों एवं गांवों की खाक छानी थी, आज पार्टी अपनी उस दिशा से भटक चुकी है.


रांची: पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने दिल्ली से लौटने के बाद सभी पदों से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने सबसे पहले विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दिया. इस्तीफा का पत्र उन्होंने स्पीकर के नाम भेजा. इसके बाद राज्यपाल को पत्र लिखकर मंत्रिमंडल से इस्तीफा दिया और फिर JMM सुप्रीमो शिबू सोरेन को पत्र लिखकर JMM से भी इस्तीफा दे दिया. शिबू सोरेन को लिखे पत्र में चंपई ने कहा है की JMM अपनी दिशा से भटक चुका है.
चंपई ने शिबू सोरेन को लिखे पत्र में क्या-क्या लिखा है
“आदरणीय गुरु जी,
जोहार !
मैं चम्पाई सोरेन, झारखंड मुक्ति मोर्चा की वर्तमान कार्यशैली एवं नीतियों से विक्षुब्ध होकर, पार्टी छोड़ने को विवश हूँ.
अत्यंत ही दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि आप के मार्गदर्शन में जिस पार्टी का सपना हम जैसे कार्यकर्ताओं ने देखा था, एवं जिस के लिए हम लोगों ने जंगलों, पहाड़ों एवं गांवों की खाक छानी थी, आज पार्टी अपनी उस दिशा से भटक चुकी है.
झामुमो मेरे लिए एक परिवार जैसा रहा एवं मैंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि मुझे इसे छोड़ना पड़ेगा, लेकिन पिछले कुछ दिनों के घटनाक्रम की वजह से, मुझे बहुत ही पीड़ा के साथ यह कठिन निर्णय लेना पड़ा रहा है.
आपके वर्तमान स्वास्थ्य की वजह से, आप सक्रिय राजनीति से दूर हैं, तथा आपके अलावा पार्टी में ऐसा कोई फोरम नहीं है, जहां हम अपनी मन की पीड़ा को बता सकें. इस वजह से, मैं झारखंड मुक्ति मोर्चा की प्राथमिक सदस्यता एवं सभी पदों से इस्तीफा दे रहा हूं.
आपके मार्गदर्शन में, झारखण्ड आंदोलन के दौरान तथा उसके बाद भी, मुझे जीवन में बहुत कुछ सीखने का अवसर प्राप्त हुआ है. आप सदैव मेरे मार्गदर्शक बने रहेंगे. अतः आपसे विनम्र अनुरोध है कि मेरा इस्तीफा स्वीकार करने की कृपा करें.”

specializes in local and regional stories, bringing simple, factual, and timely updates to readers.
Related Posts
नीतीश के राज्यसभा जाने पर JDU में बेचैनी, सरयू राय बोले- ऐसा लगता है जैसे उन्हें ‘शेल्टर’ में भेज दिया गया



Leave a comment