प्रिंस खान गैंग के नाम पर करोड़ों की उगाही! धनबाद पुलिस ने खोला बड़ा राज, 4 गिरफ्तार
“धनबाद में प्रिंस खान गैंग के नाम पर कारोबारियों को धमकाकर रंगदारी मांगने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है. 1 करोड़ रुपये की फिरौती मांगने के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस अब इनके बड़े आपराधिक नेटवर्क से जुड़े होने की जांच कर रही है.”

धनबाद में गैंगस्टर प्रिंस खान उर्फ छोटे सरकार के नाम पर कारोबारियों को धमकाकर रंगदारी मांगने वाले गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो खुद को प्रिंस खान गैंग से जुड़ा बताकर व्यवसायियों में दहशत फैलाने की कोशिश कर रहे थे. मामला सामने आने के बाद धनबाद पुलिस और तकनीकी सेल ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपियों तक पहुंच बनाई. पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह ने एक से अधिक कारोबारियों को निशाना बनाया था. फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों का संबंध किसी बड़े आपराधिक नेटवर्क या गैंग से तो नहीं है. मामले को लेकर पुलिस अधिकारियों ने सख्त कार्रवाई जारी रखने की बात कही है.
व्यवसायी को दी थी जान से मारने की धमकी
पुलिस के मुताबिक, 6 मई को एक व्यवसायी को फोन कर खुद को प्रिंस खान गैंग का सदस्य बताते हुए जान से मारने की धमकी दी गई थी. कॉल करने वाले अपराधियों ने करीब एक करोड़ रुपये की रंगदारी की मांग की थी. इसके बाद पीड़ित ने बरवाअड्डा थाना में शिकायत दर्ज कराई. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की. तकनीकी सेल की मदद से मोबाइल नंबर, लोकेशन और कॉल डिटेल का विश्लेषण किया गया. इसके बाद विशेष छापेमारी टीम बनाई गई, जिसने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार आरोपियों में देवानंद सिंह उर्फ चंदन सिंह, बालक कुमार दास, मो. नासिर अंसारी उर्फ जयकांत सिकरे और सुरेंद्र कुमार महतो उर्फ गोलक शामिल हैं.
पूछताछ में कई खुलासे, बड़े नेटवर्क की जांच जारी
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने रंगदारी मांगने की बात स्वीकार की है. जांच के दौरान यह भी पता चला कि गिरोह ने एक अस्पताल संचालक को भी फोन कर धमकी दी थी. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों के तार किसी संगठित आपराधिक गिरोह से जुड़े हैं या नहीं. गिरफ्तार आरोपियों के पास से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं, जिनका इस्तेमाल धमकी देने और संपर्क साधने में किया गया था. पुलिस इन मोबाइलों की कॉल हिस्ट्री और अन्य डिजिटल डाटा की जांच कर रही है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शहर में रंगदारी और संगठित अपराध फैलाने की कोशिश करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त अभियान जारी रहेगा.

