झारखंड में 108 एंबुलेंस कर्मियों की हड़ताल खत्म, मंत्री ने दिया जांच का भरोसा
“झारखंड में 108 एंबुलेंस कर्मियों ने स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी के आश्वासन के बाद हड़ताल वापस ले ली. बैठक में वेतन भुगतान, स्थानांतरण और अन्य सुविधाओं से जुड़ी शिकायतों पर चर्चा हुई. अधिकारियों ने मामलों की जांच का भरोसा दिलाया. ”

Ranchi: झारखंड में 108 एंबुलेंस सेवा के सुचारू संचालन को लेकर बुधवार को स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की अध्यक्षता में बैठक हुई. बैठक में एंबुलेंस कर्मियों की विभिन्न मांगों, वेतन भुगतान, स्थानांतरण और अन्य सुविधाओं से जुड़े मामलों पर चर्चा की गई. कर्मियों ने संचालन एजेंसी पर पूर्व में किए गए आश्वासनों को पूरा नहीं करने का आरोप लगाया. वहीं, एजेंसी के प्रतिनिधियों ने आरोपों पर अपना पक्ष रखा. मंत्री और अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने कर्मियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए जांच का आश्वासन दिया. इसके बाद 108 एंबुलेंस कर्मियों ने अपनी हड़ताल वापस लेने की घोषणा की.
एंबुलेंस सेवा के संचालन को लेकर हुई बैठक
झारखंड में 108 एंबुलेंस सेवा के सुचारू संचालन को लेकर बुधवार को स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग के मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई. बैठक में 108 एंबुलेंस कर्मियों के प्रतिनिधिमंडल और सेवा का संचालन करने वाली एजेंसी के प्रतिनिधियों ने भाग लिया. इस दौरान कर्मियों की मांगों और सेवा संचालन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई. विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा और डीआईसी डॉ. सिद्धार्थ सान्याल सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे. बैठक का उद्देश्य एंबुलेंस सेवा को सुचारू बनाए रखना और कर्मियों की समस्याओं का समाधान तलाशना था. अधिकारियों ने सभी पक्षों की बात सुनी और लंबित मामलों पर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया. बैठक में वेतन, स्थानांतरण और अन्य सुविधाओं से जुड़े विषयों को प्रमुखता से उठाया गया.
कर्मियों ने वेतन भुगतान और सुविधाओं को लेकर रखी शिकायतें
बैठक के दौरान 108 एंबुलेंस कर्मियों के प्रतिनिधिमंडल ने संचालन एजेंसी के खिलाफ कई शिकायतें रखीं. कर्मियों ने आरोप लगाया कि पूर्व में एजेंसी की ओर से किए गए आश्वासनों को पूरा नहीं किया गया है. इसके अलावा वेतन का समय पर भुगतान नहीं होने और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराए जाने की बात भी सामने रखी गई. कर्मियों ने कहा कि लंबे समय से अपनी समस्याओं के समाधान की मांग कर रहे हैं, लेकिन पूर्व में दिए गए आश्वासनों के बावजूद स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ. प्रतिनिधिमंडल ने स्थानांतरण से जुड़े मामलों को भी बैठक में उठाया और इनकी जांच की मांग की. कर्मियों का कहना था कि वेतन और कार्य संबंधी सुविधाओं में अनियमितता से उनके सामने कठिनाइयां पैदा हो रही हैं. बैठक में इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों ने सभी बिंदुओं पर विचार किया और आवश्यक जांच का भरोसा दिलाया.
संचालन एजेंसी ने कर्मियों की शिकायतों पर रखा अपना पक्ष
बैठक में 108 एंबुलेंस सेवा का संचालन करने वाली एजेंसी के प्रतिनिधियों ने कर्मियों की शिकायतों पर अपना पक्ष रखा. एजेंसी की ओर से कहा गया कि कुछ ड्राइवर और अन्य कर्मियों की कार्य में रुचि नहीं होने के कारण उनका स्थानांतरण किया गया है. प्रतिनिधियों ने वेतन का भुगतान नहीं किए जाने या कम भुगतान किए जाने संबंधी आरोपों को गलत बताया. उनका कहना था कि कर्मियों को नियमानुसार वेतन और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. एजेंसी ने अपने स्तर पर सेवा संचालन से जुड़े मामलों की जानकारी अधिकारियों के सामने रखी. इस दौरान कर्मियों के आरोपों और एजेंसी के जवाब के बीच सामने आए विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा हुई. बैठक में दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद अधिकारियों ने मामलों की जांच कराने का आश्वासन दिया. विशेष रूप से स्थानांतरित किए गए कर्मियों के मामलों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही गई.
स्थानांतरण और वेतन से जुड़े मामलों की होगी जांच
बैठक में कर्मियों के स्थानांतरण, वेतन भुगतान और अन्य सुविधाओं से जुड़े सभी मामलों पर विस्तार से चर्चा की गई. स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने कर्मियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए जांच कराने का आश्वासन दिया. विशेष रूप से स्थानांतरित किए गए कर्मियों के मामलों की जांच का भरोसा दिलाया गया. अधिकारियों ने कहा कि शिकायतों और संबंधित पक्षों के बयानों के आधार पर मामलों की पड़ताल की जाएगी. बैठक का उद्देश्य कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान निकालना और 108 एंबुलेंस सेवा के संचालन में किसी तरह की बाधा को दूर करना था. कर्मियों ने अपनी मांगों और समस्याओं को अधिकारियों के सामने रखा, जबकि संचालन एजेंसी ने अपने पक्ष की जानकारी दी. जांच के आश्वासन से कर्मियों को अपनी शिकायतों के समाधान की उम्मीद जगी है. अब संबंधित मामलों में आगे की कार्रवाई की जाएगी.
मंत्री के आश्वासन के बाद हड़ताल वापस
उल्लेखनीय है कि 108 एंबुलेंस कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर जाने की घोषणा की थी. कर्मियों की प्रमुख शिकायतों में वेतन भुगतान, स्थानांतरण और अन्य सुविधाओं से जुड़े मामले शामिल थे. बुधवार को हुई बैठक में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने कर्मियों की समस्याओं पर गंभीरता से विचार करते हुए जांच का आश्वासन दिया. अधिकारियों के आश्वासन के बाद 108 एंबुलेंस कर्मियों ने हड़ताल वापस लेने की घोषणा की. इस निर्णय से राज्य में एंबुलेंस सेवा के सुचारू संचालन का रास्ता साफ हुआ है. हड़ताल वापस लिए जाने के बाद मरीजों को एंबुलेंस सेवा उपलब्ध कराने में संभावित बाधाओं को दूर करने में मदद मिलेगी. विभाग और संचालन एजेंसी के सामने अब कर्मियों की शिकायतों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की जिम्मेदारी है. इससे सेवा संचालन को लेकर उत्पन्न स्थिति में सुधार की उम्मीद है.



