गिरिडीह: गोलगप्पा-चाट खाने के बाद एक बच्चे की मौत, कई बीमार, प्रशासन अलर्ट
“गिरिडीह के सदर प्रखंड अंतर्गत बजटो गांव में फूड प्वाइजनिंग की दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां गोलगप्पा और छोला खाने के बाद एक मासूम की मौत हो गई, जबकि डेढ़ दर्जन से अधिक बच्चे और कई अन्य लोग बीमार हो गए.”

Giridih: गिरिडीह के सदर प्रखंड अंतर्गत बजटो गांव में फूड प्वाइजनिंग की दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां गोलगप्पा और छोला खाने के बाद एक मासूम की मौत हो गई, जबकि डेढ़ दर्जन से अधिक बच्चे और कई अन्य लोग बीमार हो गए. घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और परिजनों में गहरा शोक व्याप्त है. बीमार बच्चों को आनन-फानन में सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है. प्रशासनिक अधिकारी भी देर रात अस्पताल और गांव पहुंचे तथा स्थिति का जायजा लिया. प्रारंभिक जांच में संदिग्ध खाद्य पदार्थ को बीमारी का कारण माना जा रहा है. इस घटना ने एक बार फिर सड़क किनारे बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
कैसे बिगड़ी बच्चों की तबीयत
बजटो गांव में शनिवार शाम एक ठेला विक्रेता गोलगप्पा और छोला बेचने आया था. गांव के कई बच्चों ने उससे गोलगप्पा और चाट खाई. शुरुआत में सब सामान्य था, लेकिन रविवार सुबह अचानक बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी. उन्हें उल्टी, दस्त और पेट दर्द की शिकायत होने लगी. परिजनों ने पहले स्थानीय स्तर पर इलाज कराया, लेकिन धीरे-धीरे कई बच्चों की हालत गंभीर होती गई. हालात बिगड़ने पर सभी को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज जारी है.
मासूम की मौत से पसरा मातम
इस घटना में 6 वर्षीय मासूम रंजन की मौत हो गई, जिससे पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है. डॉक्टरों के अनुसार, बच्चे को अस्पताल लाने से पहले ही उसकी मृत्यु हो चुकी थी. परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और मोहल्ले में सन्नाटा पसरा हुआ है. स्थानीय लोगों में भी इस घटना को लेकर गहरा आक्रोश और दुख देखा जा रहा है. परिजनों का कहना है कि अगर समय पर बेहतर इलाज मिलता, तो शायद बच्चे की जान बचाई जा सकती थी.
प्रशासन हरकत में, अधिकारियों का दौरा
घटना की सूचना मिलते ही उपायुक्त रामनिवास यादव, एसडीएम श्रीकांत यशवंत बिस्पुते, सिविल सर्जन बच्चा सिंह और एसडीपीओ जीतवाहन उरांव समेत कई अधिकारी सदर अस्पताल पहुंचे. उन्होंने बीमार बच्चों का हाल जाना और डॉक्टरों को बेहतर इलाज सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. इसके बाद अधिकारी बजटो गांव भी पहुंचे और वहां की स्थिति का जायजा लिया. स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट मोड में रहने और सभी जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं.
जांच और कार्रवाई के निर्देश
प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं. खाद्य सुरक्षा विभाग को संदिग्ध खाद्य पदार्थों के नमूने लेने और उनकी जांच करने का निर्देश दिया गया है. उपायुक्त ने स्पष्ट कहा है कि आम लोगों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. साथ ही अस्पताल में 24 घंटे निगरानी, विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती और इलाज में किसी तरह की कमी न हो, इसके लिए विशेष निर्देश दिए गए हैं.

