Gaya:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार के गयाजी जिले के बोधगया से प्रदेश को करीब 13 हजार करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का तोहफा देते हुए बीजेपी के सबसे कमजोर दुर्ग मगध इलाके की 26 विधानसभा सीटों को साधने की कोशिश की. गयाजी के साथ ही बेगूसराय गए, जहां उन्होंने औंटा-सिमरिया 6 लेन पुल का भी लोकार्पण किया. इस दौरान उन्होंने लंबा रोड शो भी किया. यहां से उन्होंने 22 विधानसभा सीटों को साधने की कोशिश की. पिछले चुनाव में मगध की सिर्फ 6 और मुंगेर इलाके की 13 सीटें एनडीए की झोली में आई थी. यही कारण है कि पीएम मोदी की नजर पूरी तरह से मगध पर बनी हुई है. गयाजी में लोगों को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कांग्रेस-राजद पर खूब हमले किये. कहा, बिहार में जब लालटेन वालों की सरकार थी तो उन्होंने पूरे बिहार को अंधेरे में रखा था. राजद का भ्रष्टाचार बिहार का बच्चा-बच्चा जानता है. वहीं कांग्रेस पर हमला करते हुए मोदी ने कहा कि कांग्रेस के बड़े नेता बिहार और बिहारियों से नफरत करते हैं.
बौखलाहट में मोदी को दे रहे हैं गाली
प्रधानमंत्री ने पीएम-सीएम बिल पर विपक्ष को खूब खरी-खोटी सुनाई. कहा- 'क्लर्क से लेकर अफसर तक घूसखोरी करे तो उसकी जिंदगी तबाह हो जाती है. लेकिन पीएम-सीएम-मंत्री के साथ ऐसा नहीं होता. हमने कुछ दिन पहले देखा कि जेल से फाइलें निपटाई जा रही हैं.' उन्होंने बिना नाम लिए अरविंद केजरीवाल का उदाहरण दिया. कहा- 'ऐसा होगा तो भ्रष्टाचार कैसे खत्म होगा. हम संविधान की मर्यादा को तार-तार होते नहीं देख सकते. इसीलिए NDA सरकार एक ऐसा कानून लाई है, जिसके दायरे में प्रधानमंत्री भी है, इसके दायरे में सीएम और मंत्री भी हैं. अगर इनमें से कोई भी जेल जाता है तो उसे 30 दिन के अंदर जमानत लेनी होगी, अगर जमानत नहीं ले पाया तो 31वें दिन उसे कुर्सी छोड़नी होगी. लेकिन ये राजद, कांग्रेस, लेफ्ट वाले इस कानून का विरोध कर रहे हैं. इनको पता है कि अगर ये जेल चले गए तो इनके सपने चकनाचूर हो जाएंगे. इसीलिए ये मोदी को भांति-भांति की गाली दे रहे हैं. इसीलिए बौखलाहट में ये जनहित के कानून का विरोध कर रहे हैं.
कांग्रेस-राजद का मकसद सिर्फ तिजोरी भरना
पीएम मोदी ने कहा जनता के पैसों से खुद की तिजोरी भरना कांग्रेस-राजद वालों का मकसद रहा है. इनके राज में परियोजनाएं पूरी नहीं होती थीं. जितनी परियोजनाएं लटकती थीं, उन्हें निजी तौर पर उतना ही फायदा होता था. लेकिन NDA सरकार में परियोजनाएं तय समय पर पूरी की जा रही हैं. औंटा सिमरिया परियोजना इसका उदाहरण हैं.
लालू-राबड़ी राज पर हमला
मोदी ने कहा कि याद कीजिए कि लालटेन राज में क्या हालत थी. लालटेन राज में बिहार लाल आतंक से जकड़ा हुआ था. गयाजी जैसे शहर लालटेन राज में अंधेरे में डूबा रहता था. लालटेन वालों ने पूरे बिहार के भविष्य को अंधेरे में ढकेल दिया था. बिहार की कितनी पीढ़ियों को इन्होंने सूबे से पलायन पर मजबूर कर दिया था. राजद वाले बिहार के लोगों को सिर्फ अपना वोट बैंक मानते हैं. उनके गरीबों के सुख-दुख और लोगों के मान सम्मान से कोई मतलब नहीं है.





