पारसनाथ में खुला दिशोम मांझी थान का ताला, बाबूलाल मरांडी ने की पूजा-अर्चना
“झारखंड के नेता प्रतिपक्ष Babulal Marandi ने बुधवार सुबह गिरिडीह जिले के पारसनाथ स्थित दिशोम मांझी थान पहुंचकर पूजा-अर्चना की और राज्यवासियों के सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की. ”

झारखंड के नेता प्रतिपक्ष Babulal Marandi ने बुधवार सुबह गिरिडीह जिले के पारसनाथ स्थित दिशोम मांझी थान पहुंचकर पूजा-अर्चना की और राज्यवासियों के सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की. मरांडी ने कहा कि 16 मई को मधुबन प्रवास के दौरान जब वे दिशोम मांझी थान पहुंचे थे, तब मंदिर का द्वार बंद मिला था. स्थानीय लोगों ने उन्हें बताया था कि इसकी चाभी प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) के पास रखी गई है. उस समय उन्होंने चेतावनी दी थी कि संताल आदिवासी समाज की आस्था से जुड़े इस पवित्र स्थल पर ताला लगाना उचित नहीं है.
उन्होंने कहा कि आज दोबारा पूजा के लिए पहुंचने पर दिशोम मांझी थान का द्वार खुला मिला, जिसे उन्होंने श्रद्धालुओं की आस्था और परंपरा के सम्मान की दिशा में सकारात्मक कदम बताया. मरांडी ने मरांग बुरु से सभी को सद्बुद्धि देने की प्रार्थना भी की. उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज की धार्मिक आस्था और परंपराओं का सम्मान हर हाल में होना चाहिए. गौरतलब है कि पिछले दिनों मांझी थान में ताला बंद मिलने के बाद यह मामला राजनीतिक और सामाजिक चर्चा का विषय बन गया था.

