साहिबगंज में ब्रह्मपुत्र मेल से कथित बांग्लादेशी नागरिक गिरफ्तार, तीन साथी फरार
साहिबगंज में ब्रह्मपुत्र मेल से यात्रा कर रहे 26 वर्षीय सुमन मियां को कथित बांग्लादेशी पहचान पत्र और विदेशी मुद्रा के साथ पकड़े जाने की जानकारी सामने आई है. उसके तीन साथी फरार बताए जा रहे हैं। रेल डीआईजी के निर्देश पर कांड संख्या 32/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है.

झारखंड के साहिबगंज रेलवे स्टेशन पर ब्रह्मपुत्र मेल से यात्रा कर रहे एक युवक को संदिग्ध दस्तावेजों और विदेशी मुद्रा के साथ पकड़े जाने का मामला सामने आया है. जानकारी के अनुसार, 26 वर्षीय सुमन मियां दिल्ली से गुवाहाटी जा रहा था. उसके साथ यात्रा कर रहे तीन अन्य साथी जवानों को देखकर फरार हो गए. आरोपी के पास से कथित बांग्लादेशी पहचान पत्र, दो मोबाइल फोन और भारतीय रुपये के अलावा बांग्लादेशी तथा नेपाली मुद्रा मिलने की बात कही गई है. मामले में रेल डीआईजी के निर्देश पर देर रात प्राथमिकी दर्ज की गई है. कांड संख्या 32/26 के तहत दर्ज मामले में अब आरोपी की नागरिकता, दस्तावेजों की प्रामाणिकता और फरार साथियों की भूमिका की जांच की जा रही है. हालांकि, अभी तक आरोपी की बांग्लादेशी नागरिकता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. जांच एजेंसियां बरामद सामान और यात्रा से जुड़े तथ्यों के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी हैं.
ब्रह्मपुत्र मेल में कैसे पकड़ा गया युवक?
मिली जानकारी के मुताबिक, सुमन मियां अपने तीन साथियों के साथ ट्रेन संख्या 15657 ब्रह्मपुत्र मेल से गुवाहाटी जा रहा था. बताया जाता है कि वह ट्रेन की ऊपरी बर्थ पर सो रहा था. मिर्जाचौकी से साहिबगंज के बीच ट्रेन में झटका लगने के कारण वह नीचे गिरने लगा. इस दौरान पास मौजूद जवानों ने उसे संभाला. इसके बाद संबंधित बोगी में तलाशी के दौरान तीन अन्य साथी कथित तौर पर फरार हो गए, जबकि सुमन को पकड़ लिया गया.
पहचान पत्र और विदेशी मुद्रा मिलने का दावा
तलाशी के दौरान युवक के पास से कथित बांग्लादेशी पहचान पत्र, दो मोबाइल फोन और विभिन्न देशों की मुद्रा बरामद होने की जानकारी सामने आई है. इसमें भारतीय रुपये के साथ बांग्लादेश और नेपाल की मुद्रा भी शामिल बताई गई है. जांच एजेंसियां अब बरामद दस्तावेजों की प्रामाणिकता और उनके आधार पर युवक की पहचान सत्यापित करने में जुटी हैं. केवल संदिग्ध दस्तावेज मिलने से नागरिकता की पुष्टि नहीं मानी जा सकती.
श्रीनगर में कबाड़ का काम करने की बात
पूछताछ के दौरान सुमन मियां ने कथित तौर पर श्रीनगर में अपने साथियों के साथ रहकर कबाड़ का काम करने की बात कही है. बताया गया कि वह दिल्ली से गुवाहाटी जा रहा था. जांच एजेंसियां उसके रहने के स्थान, यात्रा मार्ग और गुवाहाटी जाने के उद्देश्य की जानकारी जुटा रही हैं. साथ ही, फरार तीनों साथियों की पहचान करने और उनके संभावित संपर्कों का पता लगाने की कोशिश की जा रही है.
रेल डीआईजी के निर्देश पर प्राथमिकी दर्ज
घटना के बाद आरोपी को आरपीएफ की ओर से बरहरवा ले जाया गया और फिर साहिबगंज लाया गया. पूछताछ तथा बरामद सामान की जांच के बाद रेल डीआईजी के निर्देश पर देर रात कांड संख्या 32/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई. अब मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है. जांच के प्रमुख बिंदुओं में दस्तावेजों की सत्यता, आरोपी की नागरिकता और फरार साथियों की भूमिका शामिल हैं.
जांच के बाद ही स्पष्ट होगी पूरी तस्वीर
साहिबगंज में हुई इस घटना के बाद सीमावर्ती क्षेत्रों में संदिग्ध आवाजाही और नागरिकता सत्यापन का मुद्दा फिर चर्चा में आ सकता है. भाजपा सहित विभिन्न राजनीतिक दलों की ओर से घुसपैठ का मुद्दा पहले भी उठाया जाता रहा है. हालांकि, इस मामले में किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले जांच के नतीजों का इंतजार करना जरूरी है. फिलहाल आरोपी की नागरिकता, बरामद दस्तावेजों की प्रामाणिकता और उसके साथियों की भूमिका की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है. जांच पूरी होने के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी.


