लखनऊ में पुलिस का अमानवीय चेहरा: दुष्कर्म पीड़िता के साथ महिला सिपाही ने की मारपीट
“लखनऊ के ठाकुरगंज थाना क्षेत्र से एक बेहद हैरान करने वाला और पुलिस का अमानवीय चेहरा उजागर करने वाला मामला सामने आया है. फरीदी नगर की रहने वाली एक 15 वर्षीय नाबालिग किशोरी ने 'अरमान' नामक युवक पर गंभीर आरोप लगाए हैं.”

Uttar Pradesh: लखनऊ के ठाकुरगंज थाना क्षेत्र से एक बेहद हैरान करने वाला और पुलिस का अमानवीय चेहरा उजागर करने वाला मामला सामने आया है. फरीदी नगर की रहने वाली एक 15 वर्षीय नाबालिग किशोरी ने 'अरमान' नामक युवक पर गंभीर आरोप लगाए हैं. पीड़िता के अनुसार, ईद के दिन आरोपी युवक ने उसे शादी का झांसा दिया और बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया. इस खौफनाक घटना के बाद जब न्याय की आस में पीड़िता अपनी मां के साथ ठाकुरगंज स्थित रिंग रोड पुलिस चौकी पहुंची, तो उसे रक्षक की जगह भक्षक का सामना करना पड़ा. आरोप है कि बयान दर्ज कराने के दौरान चौकी पर मौजूद एक महिला सिपाही ने संवेदनशीलता दिखाने के बजाय पीड़िता के साथ ही अमानवीय व्यवहार करते हुए मारपीट की. यह घटना पुलिस की कार्यशैली और महिला सुरक्षा के दावों पर गंभीर सवाल खड़े करती है.
न्याय की गुहार लगाने पहुंची पीड़िता और उसका परिवार शाम 6 बजे से ही पुलिस चौकी पर बैठा रहा, लेकिन देर रात तक पुलिस प्रशासन की तरफ से कोई भी ठोस कार्रवाई नहीं की गई. बेटी के साथ हुए इस दोहरे अत्याचार से हताश और परेशान होकर अब पीड़िता की मां ने मीडिया का सहारा लिया है. उन्होंने मीडिया के माध्यम से उच्चाधिकारियों और प्रशासन से न्याय की मार्मिक गुहार लगाई है. राजधानी में ही एक नाबालिग दुष्कर्म पीड़िता के साथ पुलिस का ऐसा क्रूर व्यवहार सिस्टम की लापरवाही की पोल खोल रहा है. अब सबसे बड़ा सवाल यही उठता है कि क्या इस बेबस पीड़िता को प्रशासन से न्याय मिल पाएगा, या फिर पुलिस की यह घोर लापरवाही यूं ही जारी रहेगी?




