सारंडा में IED ब्लास्ट और मुठभेड़: कोबरा कमांडेंट सहित दो जवान घायल, रांची एयरलिफ्ट, सर्च ऑपरेशन तेज
“पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा जंगल में नक्सलियों के खिलाफ चल रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान आईईडी ब्लास्ट और मुठभेड़ में कोबरा बटालियन के सहायक कमांडेंट अजय मल्लिक समेत दो जवान घायल हो गए.”

पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा के घने जंगलों में रविवार सुबह नक्सलियों के खिलाफ चल रहे अभियान के दौरान बड़ा हमला हुआ. सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम पर पहले आईईडी विस्फोट किया गया, जिसके बाद दोनों ओर से फायरिंग शुरू हो गई. 209 कोबरा बटालियन के सहायक कमांडेंट अजय मल्लिक गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जबकि एक अन्य जवान को भी गोली लगने की सूचना है. धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि उसकी आवाज दूर तक सुनाई दी. मौके पर मौजूद जवानों ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए इलाके को घेर लिया और जवाबी कार्रवाई की. घायलों को प्राथमिक उपचार देने के बाद बेहतर इलाज के लिए रांची एयरलिफ्ट किया गया है. घटना के बाद पूरे इलाके में हाई अलर्ट है और बड़े पैमाने पर कॉम्बिंग ऑपरेशन चलाया जा रहा है.
IED से किया गया हमला और जवाबी फायरिंग
सूत्रों के मुताबिक, कोबरा बटालियन और जिला पुलिस की संयुक्त टीम को जंगल में नक्सलियों की मौजूदगी की पुख्ता सूचना मिली थी. इसी इनपुट के आधार पर सुबह सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया. जैसे ही टीम दुर्गम इलाके में आगे बढ़ी, जमीन के नीचे प्लांट किए गए आईईडी में विस्फोट कर दिया गया. धमाके के तुरंत बाद नक्सलियों की ओर से फायरिंग शुरू हुई, जिसका सुरक्षा बलों ने मुंहतोड़ जवाब दिया. कुछ देर तक रुक-रुक कर मुठभेड़ चलती रही. प्रारंभिक सूचना के अनुसार, जवाबी कार्रवाई में नक्सलियों को भी नुकसान पहुंचने की आशंका है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. सुरक्षा बलों ने पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर दी है और संभावित ठिकानों की तलाशी ली जा रही है.
इलाके में हाई अलर्ट और सर्च ऑपरेशन जारी
घटना के बाद अतिरिक्त बलों को तुरंत मौके पर भेजा गया और ऑपरेशन को तेज कर दिया गया. गंभीर रूप से घायल सहायक कमांडेंट अजय मल्लिक और एक अन्य जवान को प्राथमिक उपचार के बाद एयरलिफ्ट कर रांची भेजा गया. उधर जंगल के अंदर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा घेरा कड़ा कर दिया गया है, ताकि नक्सलियों की किसी भी नई गतिविधि को रोका जा सके. वरिष्ठ अधिकारी लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं और खुफिया इनपुट के आधार पर कॉम्बिंग ऑपरेशन जारी है. पश्चिमी सिंहभूम समेत आसपास के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में भी सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है और पुलिस-अर्धसैनिक बल पूरी तरह अलर्ट पर हैं.




