देवघर के प्रेम मंदिर में पहली बार पांच कलश स्थापित कर मां दुर्गा की आराधना, महाष्टमी पर सजेगी भजन संध्या
देवघर के ठाढ़ीदुलमपुर स्थित जगदंबा कॉलोनी के प्रेम मंदिर में इस वर्ष पहली बार पांच कलश स्थापित कर मां दुर्गा की आराधना की जा रही है. महाष्टमी पर धनबाद के प्रसिद्ध भजन गायक की भजन संध्या आयोजित होगी, जबकि महानवमी पर महाप्रसाद का वितरण किया जाएगा.

Deoghar: झारखंड के देवघर स्थित ठाढ़ीदुलमपुर की जगदंबा कॉलोनी में स्थापित प्रेम मंदिर में इस वर्ष पहली बार पांच कलश स्थापित कर मां दुर्गा की आराधना की जा रही है. शारदीय नवरात्र को लेकर मंदिर परिसर में श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना हुआ है. गंगा विश्व शांति सद्भावना धाम के तत्वावधान में आयोजित पूजा के दौरान श्रद्धालु मां के दर्शन और आरती में शामिल हो रहे हैं. महासप्तमी पर मां कात्यायनी की विधिवत पूजा के बाद भक्तों के बीच महाप्रसाद वितरित किया गया. महाष्टमी पर विशेष भजन संध्या और महानवमी पर महाप्रसाद वितरण की तैयारी है. मंदिर समिति के अनुसार, इस आयोजन का उद्देश्य धार्मिक आस्था के साथ विश्व शांति, आपसी सद्भाव और सकारात्मकता का संदेश जन-जन तक पहुंचाना है.
प्रेम मंदिर में पहली बार पांच कलश स्थापित कर मां दुर्गा की पूजा
देवघर के ठाढ़ीदुलमपुर स्थित जगदंबा कॉलोनी के प्रेम मंदिर में इस वर्ष शारदीय नवरात्र का आयोजन विशेष महत्व रखता है. मंदिर की स्थापना और प्राण प्रतिष्ठा इसी वर्ष होने के बाद पहली बार यहां मां दुर्गा की आराधना की जा रही है. इस अवसर पर पांच कलश स्थापित किए गए हैं और विधि-विधान के साथ धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कराए जा रहे हैं. मंदिर परिसर में सुबह से ही पूजा-अर्चना और दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा हुआ है. महासप्तमी के अवसर पर मां कात्यायनी की पूजा की गई. इसके बाद संध्या आरती में भक्तों ने भाग लिया और मां से परिवार की सुख-समृद्धि तथा समाज की खुशहाली की कामना की. आरती संपन्न होने के बाद श्रद्धालुओं के बीच महाप्रसाद वितरित किया गया. मंदिर परिसर में भक्ति गीतों और धार्मिक गतिविधियों के कारण आध्यात्मिक वातावरण बना हुआ है. पहली बार आयोजित इस पूजा को लेकर स्थानीय श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है.
महाष्टमी पर भजन संध्या, महानवमी को होगा महाप्रसाद वितरण
प्रेम मंदिर में महाष्टमी के अवसर पर विशेष धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा. मंदिर समिति की तैयारी के अनुसार, संध्या में मां दुर्गा को भोग अर्पित करने के बाद धनबाद के प्रसिद्ध भजन गायक की भजन संध्या होगी. इस दौरान मां दुर्गा के भक्ति गीतों की प्रस्तुति दी जाएगी, जिससे मंदिर परिसर भक्तिमय हो उठेगा. आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह है और समिति कार्यक्रम को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में जुटी है. वहीं, महानवमी के दिन विशेष पूजा-अर्चना के बाद भक्तों के बीच महाप्रसाद वितरित किया जाएगा. आयोजन समिति की ओर से मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा, पूजा व्यवस्था और कार्यक्रम के संचालन पर ध्यान दिया जा रहा है. समिति को उम्मीद है कि महाष्टमी की भजन संध्या और महानवमी के महाप्रसाद वितरण में बड़ी संख्या में भक्त शामिल होंगे. इन धार्मिक कार्यक्रमों के माध्यम से श्रद्धालुओं को मां दुर्गा की आराधना का अवसर मिलने के साथ आपसी मेलजोल और सद्भाव का संदेश भी दिया जाएगा.
इसी वर्ष हुई प्रेम मंदिर की स्थापना और प्राण प्रतिष्ठा
गंगा विश्व शांति सद्भावना धाम प्रेम मंदिर के अध्यक्ष महेश प्रसाद राय ने बताया कि परम गुरुदेव डॉ. दुर्गेश आचार्य जी महाराज के सान्निध्य में इसी वर्ष मंदिर की स्थापना और प्राण प्रतिष्ठा का भव्य समारोह संपन्न हुआ था. इसके बाद शारदीय नवरात्र के अवसर पर पहली बार मंदिर में मां दुर्गा की पूजा-अर्चना की जा रही है. उन्होंने बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य केवल धार्मिक अनुष्ठान करना नहीं, बल्कि समाज में विश्व शांति, आपसी सद्भाव और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देना भी है. उनके अनुसार, वर्तमान समय में समाज के भीतर बढ़ती कटुता और मानसिक तनाव के बीच आध्यात्मिक चेतना तथा मानवीय मूल्यों को मजबूत करना जरूरी है. मां दुर्गा की आराधना लोगों को सत्य, सद्भाव और सकारात्मकता की राह पर चलने की प्रेरणा देती है. मंदिर समिति चाहती है कि यहां आने वाले श्रद्धालु पूजा-अर्चना के साथ शांति और मानवता के संदेश को भी अपने जीवन में अपनाएं. इसी सोच के साथ नवरात्र के सभी धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं.
फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से सज रहा प्रेम मंदिर
शारदीय नवरात्र को खास बनाने के लिए प्रेम मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया जा रहा है. मंदिर परिसर में ताजे फूलों की सजावट की गई है और रंग-बिरंगी रोशनी लगाने का काम भी जारी है. समिति के सदस्य पूजा स्थल को सुंदर और व्यवस्थित रूप देने में जुटे हैं, ताकि दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को भक्तिमय वातावरण का अनुभव हो सके. मंदिर में धार्मिक अनुष्ठानों के साथ उत्सव का माहौल तैयार किया जा रहा है. अध्यक्ष महेश प्रसाद राय ने देवघरवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में प्रेम मंदिर पहुंचकर मां दुर्गा की आराधना में शामिल हों. उन्होंने श्रद्धालुओं से भजन संध्या का आनंद लेने, महाप्रसाद ग्रहण करने और विश्व शांति एवं सद्भावना के संदेश को अपने जीवन में अपनाने का आग्रह किया. समिति का प्रयास है कि मंदिर में आने वाले हर श्रद्धालु को पूजा-अर्चना के लिए सुविधाजनक वातावरण मिले और नवरात्र का आयोजन श्रद्धा तथा अनुशासन के साथ संपन्न हो.
आयोजन की सफलता में समिति के सदस्य निभा रहे सक्रिय भूमिका
प्रेम मंदिर में नवरात्र पूजा और अन्य धार्मिक कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए मंदिर समिति के सदस्य लगातार कार्य कर रहे हैं. अध्यक्ष महेश प्रसाद राय के साथ मनीष कुमार सिंह, दिलीप कुमार सिंह और टिंकू शाह सहित अन्य सदस्य आयोजन की तैयारियों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं. सदस्य पूजा की व्यवस्था, मंदिर परिसर की सजावट और श्रद्धालुओं की सुविधा सुनिश्चित करने में जुटे हैं. महाष्टमी की भजन संध्या और महानवमी के महाप्रसाद वितरण को लेकर भी तैयारियां की जा रही हैं. समिति को उम्मीद है कि इन कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचेंगे और मां दुर्गा की आराधना में शामिल होंगे. प्रेम मंदिर में पहली बार आयोजित हो रही नवरात्र पूजा स्थानीय लोगों के लिए विशेष अवसर है, क्योंकि मंदिर की स्थापना और प्राण प्रतिष्ठा के बाद यह पहला शारदीय नवरात्र है. समिति का उद्देश्य धार्मिक आयोजन को सफल बनाने के साथ समाज में आपसी प्रेम, शांति और सद्भाव को बढ़ावा देना है. मंदिर परिसर में भक्तों की भागीदारी से उत्सव का माहौल लगातार मजबूत हो रहा है.



