अनंत सिंह को बड़ी राहत: दुलारचंद हत्याकांड मामले में मिली जमानत, जल्द आएंगे जेल से बाहर
“बिहार की राजनीति से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां मोकामा से जदयू विधायक Anant Singh को बड़ी राहत मिली है. चर्चित दुलारचंद यादव हत्याकांड मामले में उन्हें जमानत मिल गई है, जिससे उनके जेल से बाहर आने का रास्ता साफ हो गया है.”

Patna: बिहार की राजनीति से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां मोकामा से जदयू विधायक Anant Singh को बड़ी राहत मिली है. चर्चित दुलारचंद यादव हत्याकांड मामले में उन्हें जमानत मिल गई है, जिससे उनके जेल से बाहर आने का रास्ता साफ हो गया है. पिछले करीब चार महीनों से जेल में बंद अनंत सिंह अब जल्द ही रिहा हो सकते हैं. उनके समर्थकों में इस फैसले के बाद खुशी की लहर है और उम्मीद जताई जा रही है कि कानूनी प्रक्रिया पूरी होते ही वे शुक्रवार या शनिवार तक जेल से बाहर आ जाएंगे.
अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनकर दिया फैसला
जानकारी के मुताबिक, अदालत ने सुनवाई के दौरान अभियोजन और बचाव पक्ष दोनों की दलीलें विस्तार से सुनीं. इसके बाद अनंत सिंह को जमानत देने का फैसला सुनाया गया. हालांकि, जमानत किन शर्तों पर दी गई है, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है. माना जा रहा है कि आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी होने के बाद उनकी रिहाई कभी भी हो सकती है. राज्यसभा चुनाव के दौरान 16 मार्च को वोट डालने पहुंचे अनंत सिंह ने पहले ही दावा किया था कि वे जल्द ही जेल से बाहर आएंगे. उनका यह बयान अब सच होता नजर आ रहा है. वोटिंग के बाद वे वापस बेऊर जेल लौट गए थे, लेकिन अब जमानत मिलने के बाद उनकी रिहाई तय मानी जा रही है.
चार महीने बाद जेल से बाहर आएंगे
अनंत सिंह की गिरफ्तारी नवंबर 2025 में हुई थी और तब से वे लगातार जेल में बंद थे. लगभग चार महीने बाद अब उन्हें जमानत मिली है. इससे पहले भी वे चुनाव जीतने के बाद पुलिस कस्टडी में शपथ लेने पहुंचे थे, जो काफी चर्चित रहा था. 30 अक्टूबर 2025 को बिहार के Mokama के घोसवरी थाना क्षेत्र में दुलारचंद यादव की हत्या कर दी गई थी. दुलारचंद यादव आरजेडी से जुड़े नेता थे और चुनाव प्रचार में सक्रिय थे. इस हत्याकांड में अनंत सिंह का नाम सामने आया, जिसके बाद 1 नवंबर की रात उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया और 2 नवंबर को कोर्ट में पेश करने के बाद बेऊर जेल भेज दिया गया था.
जेल में रहते हुए जीता चुनाव
दिलचस्प बात यह है कि अनंत सिंह ने जेल में रहते हुए ही मोकामा विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की. इसके अलावा 16 मार्च को राज्यसभा चुनाव में वोट डालने के लिए भी वे विधानसभा पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने अपनी जल्द रिहाई का संकेत दिया था. बिहार के मुख्यमंत्री Nitish Kumar के राज्यसभा जाने के फैसले के बाद अनंत सिंह ने भी बड़ा ऐलान किया है. उन्होंने कहा है कि अब वे आगे चुनाव नहीं लड़ेंगे और मोकामा सीट से उनके बड़े बेटे को चुनाव मैदान में उतारा जाएगा.


